दिल्ली में किसान गर्जना रैली को लेकर पुलिस अलर्ट

नई दिल्ली, 19 दिसंबर। दिल्ली के ऐतिहासिक रामलीला मैदान में आज किसान रैली के लिए एकजुट हुए हैं। करीब दो साल बाद यह एक बड़ा अवसर है जब दिल्ली में किसान अपनी मांगों को लेकर इस तरह की रैली कर रहे हैं। दो साल पहले भी संयुक्त किसान मोर्चा व भारतीय किसान यूनियन की तरफ से अपनी मांगों को लेकर किसान दिल्ली में आंदोलन करना चाहते थे, लेकिन उन्हें इसकी इजाजत नहीं मिली थी, इसके बाद उन्होंने दिल्ली की तीन सीमाओं पर धरना दिया और साल भर से अधिक समय तक वहां प्रदर्शन कर अपना विरोध जताया था।
इस बार रामलीला मैदान में यूपी, पंजाब, महाराष्ट्र, हरियाणा, हिमाचल समेत देश के अन्य राज्यों से किसान आये हैं। भारतीय किसान संघ (बीकेएस) का कहना है कि फल, सब्जियां, अनाज, दूध आदि उपलब्ध कराने वाले किसान आज अपनी कृषि उपज का पर्याप्त मूल्य न मिलने से बहुत निराश हैं और इसके कारण किसान आत्महत्या कर रहे हैं।
ट्रैफिक पुलिस की एडवाइजरी के मुताबिक, रणजीत सिंह फ्लाईओवर पर बाराखंभा रोड से गुरु नानक चौक, मिंटो रोड से कमला मार्केट गोलचक्कर, विवेकानंद मार्ग, जेएलएन मार्ग (दिल्ली गेट से गुरु नानक चौक) तक यातायात प्रतिबंध या रूट डायवर्ट किया जा सकता है। महाराजा रणजीत सिंह मार्ग, मिंटो रोड, अजमेरी गेट, चमन लाल मार्ग, दिल्ली गेट, जेएलएन मार्ग, कमला मार्केट गोलचक्कर से हमदर्द चौक, भवभूति मार्ग और पहाड़गंज चौक इन रास्तों से बचने की सलाह दी गई है।
वहीं नई दिल्ली रेलवे स्टेशन, पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन, निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन और आईएसबीटी जाने वाले यात्रियों को मार्ग में संभावित देरी को देखते हुए समय से पहले निकलने के लिए कहा गया है।
एडवाइजरी में यह भी कहा गया है कि यदि संभव हो सके तो अपने निजी वाहन की बजाय सार्वजनिक परिवहन और खासकर मेट्रो का इस्तेमाल करें तो और बेहतर होगा। उल्लेखनीय है कि भारतीय किसान संघ की इस रैली में किसान, दिल्ली के रामलीला मैदान में अपनी मांगों को लेकर एकत्रित होंगे। रैली में आने वाले किसानों के लिए हर 10 गांव पर एक प्रमुख की नियुक्त की गई है जो गांवों के किसानों को रैली तक ले आने के लिए व्यवस्था करेंगे। माना जा रहा है कि देश के अधिकांश जिलों से किसान बस, ट्रेन, व निजी व्यवस्था से रामलीला मैदान तक आएंगे।
किसानों की प्रमुख मांगें
- सभी कृषि उपज के बदले उपयुक्त मूल्य के भुगतान की मांग।
- कृषि उपज पर वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) नहीं लगाया जाना चाहिए।
- किसान सम्मान निधि के तहत दी जाने वाली वित्तीय सहायता बढ़ाई जानी चाहिए।
- अनुवांशिक रूप से संवर्द्धित (जीएम) सरसों के बीज को मंजूरी नहीं देनी चाहिए
- देश की आयात और निर्यात नीति लोगों के हित में होनी चाहिए।
- किसान के ट्रैक्टर को 15 साल वाली नीति से बाहर रखने की मांग।
इस रैली में 50 से 55 हजार किसानों के आने की संभावना है, जिसमें किसान करीब 700 से 800 बसों व 4,000 प्राइवेट वाहनों में आएंगे. इस कारण रामलीला मैदान व आसपास के इलाकों में सुबह 11 बजे से शाम छह बजे तक ट्रैफिक बड़े पैमाने पर प्रभावित होने की संभावना है। ऐसे में दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने दिल्ली वालों को रामलीला मैदान की तरफ आने से बचने की सलाह दी है।
इन रूटों पर होगा डायवर्जन
दिल्ली ट्रैफिक पुलिस के अनुसार, गर्जना रैली के चलते महाराजा रणजीत सिंह मार्ग, मिंटो रोड गोलचक्कर, अजमेरी गेट, चमनलाल मार्ग, दिल्ली गेट, जेएलएन मार्ग, कमला मार्केट गोलचक्कर से हमदर्द चौक तक, भावभूति मार्ग और पहाड़गंज चौक आदि पाइंट से ट्रैफिक रूटों को डायवर्ट किया जायेगा।
इन रूटों पर हो सकता है ट्रैफिक बंद
ट्रैफिक पुलिस ने बताया कि किसानों के ज्यादा संख्या में आने पर सोमवार सुबह नौ बजे से इन मार्गों पर ट्रैफिक परिवर्तित किया जा सकता है या फिर ट्रैफिक की आवाजाही बंद की जा सकती है. ये मार्ग हैं- बाराखंभा रोड से गुरुनानक चौक तक रणजीत सिंह फ्लाईओवर, कमला मार्केट गोलचक्कर से विवेकानंद मार्ग तक मिंटो रोड गोलचक्कर, दिल्ली गेट से गुरुनानक चौक तक जेएलएन मार्ग, गुरुनानक चौक से कमला मार्केट गोलचक्कर तक, चमन लाल मार्ग, आसफ अली रोड की तरफ अजमेरी गेट और झंडेवालान, देशबंधु गुप्ता रोड से अजमेरी गेट तक पहाड़गंज चौक। ट्रैफिक को देखते हुए हालत के अनुसार निर्णय लिया जाएगा।
दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वह इन मार्गों पर आने से बचे। जो लोग नई दिल्ली रेलवे स्टेशन, पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन, निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन व आईएसबीटी जा रहे हैं वो समय से पहले घर से निकले। सड़कों पर भीड़ काम हो इसलिए पुलिस ने लोगों से सार्वजनिक परिवहन सेवा का इस्तेमाल करने की सलाह दी है। इसके अलावा पुलिस ने वाहनों को पार्किंग में पार्क करने के साथ-साथ कोई संदिग्ध वस्तु दिखाई देने पर पुलिस को सूचना देने को कहा है।

