मोदी के खिलाफ पोस्टर लगाने पर 100 केस दर्ज

नई दिल्ली, 22 मार्च। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विरुद्ध पोस्टर लगाने के मामले में पुलिस ने 100 मुकदमे दर्ज किए हैं। तमाम मामले प्रिंटिंग प्रेस एक्ट व प्रॉपर्टी डिफेसमेंट एक्ट के तहत दर्ज किए गए हैं। वहीं आम आदमी पार्टी के दफ्तर से निकलते हुए एक वैन से भी पोस्टर जब्त किए गए। इस मामले में 6 लोगों को काबू किया गया है।
पुलिस के अनुसार दिल्ली के कुछ इलाकों में ‘मोदी हटाओ देश बचाओ’ नारों वाले पोस्टर लगे थे। इन पोस्टरों में प्रिंटिंग प्रेस का ब्योरा नहीं था। आईपी स्टेट थाने के एक कॉन्स्टेबल ने पप्पू मेहता नाम के व्यक्ति को पोस्टर लगाते हुए पकड़ा। पप्पू के पास 38 बंडल पोस्टर मिले थे।
पोस्टर में आपत्तिजनक क्या: आप
मामले में आम आदमी पार्टी का नाम आने के बाद ऑफिशियल ट्विटर हैंडल पर लिखा गया है- मोदी सरकार की तानाशाही चरम पर है। पोस्टर में ऐसा क्या आपत्तिजनक है, जो इसे लगाने पर मोदी जी ने 100 एफआईआर कर दीं? पीएम मोदी आपको शायद पता नहीं, भारत एक लोकतांत्रिक देश है, एक पोस्टर से इतना डर क्यों?
50 हजार पोस्टर का ऑर्डर था
न्यूज एजेंसी एएनआई के मुताबबिक, स्पेशल कमिश्नर ऑफ पुलिस दीपेंद्र पाठक ने बताया, दो प्रिंटिंग प्रेस फर्म को ऐसे 50-50 हजार पोस्टर बनाने का ऑर्डर मिला था।कंपनियों से जुड़े कर्मचारियों ने रविवार देर रात से सोमवार सुबह तक इनमें से कई पोस्टर शहर के अलग-अलग इलाकों में लगाए। पुलिस ने प्रिंटिंग प्रेस का नाम प्रकाशित न करने के आरोप में मालिकों को गिरफ्तार किया है।
17 मार्च को पोस्टर प्रिंटिंग का आदेश मिला
दिल्ली पुलिस ने बताया कि 17 मार्च को पोस्टर छापने का ऑर्डर मिला था। उसके बाद ये पोस्टर 19 मार्च की रात अलग-अलग लोगों को चिपकाने के लिए दिए गए थे। पोस्टर चिपकाने का काम 20 मार्च की सुबह तक चला। अगले ही दिन कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 100 एफआईआर दर्ज करके 6 लोगों को गिरफ्तार भी कर लिया।

