हरियाणा व ऑस्ट्रेलिया के बीच शिक्षा, स्किल, इनोवेशन में सहयोग की संभावनाएं:नायब सिंह सैनी

चंडीगढ़, 09 सितंबर हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में बुधवार को चंडीगढ़ में भारत में ऑस्ट्रेलिया के हाई कमिश्नर फिलिप ग्रीन के नेतृत्व में आए प्रतिनिधिमंडल के साथ महत्वपूर्ण बैठक हुई। बैठक में हरियाणा और ऑस्ट्रेलिया के बीच शिक्षा, उच्च शिक्षा, स्किल डेवलपमेंट, इनोवेशन, कृषि, ग्रीन एनर्जी, खेल, टूरिज्म, निवेश तथा युवाओं को वैश्विक अवसर उपलब्ध करवाने सहित विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर विस्तार से चर्चा हुई।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच मजबूत और व्यापक रणनीतिक साझेदारी है। दोनों देशों के बीच व्यापार, शिक्षा, तकनीक, इनोवेशन, स्किल डेवलपमेंट और लोगों के बीच संपर्क लगातार बढ़ रहा है। ऐसे में हरियाणा के लिए ऑस्ट्रेलिया के साथ राज्य स्तर पर सहयोग को और मजबूत करने की व्यापक संभावनाएं हैं।
उन्होंने कहा कि भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच मजबूत होते संबंधों का लाभ हरियाणा के युवाओं, विद्यार्थियों, किसानों, उद्यमियों और उद्योगों तक पहुंचाना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। शिक्षा, स्किल, रिसर्च, इनोवेशन और नई तकनीकों के क्षेत्र में सहयोग से हरियाणा के विकास को नई गति दी जा सकती है।
इस दौरान हरियाणा और ऑस्ट्रेलिया के बीच व्यापार एवं निवेश को बढ़ावा देने तथा दोनों पक्षों के बीच बिजनेस-टू-बिजनेस सहयोग को और अधिक मजबूत करने के संबंध में भी विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। बैठक में हरियाणा की यूनिवर्सिटीज और ऑस्ट्रेलिया के प्रमुख विश्वविद्यालयों एवं रिसर्च संस्थानों के बीच सहयोग बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, साइबर सिक्योरिटी, कृषि, इंजीनियरिंग, क्लीन एनर्जी और पब्लिक पॉलिसी जैसे क्षेत्रों में संयुक्त रिसर्च, स्टूडेंट और फैकल्टी एक्सचेंज तथा संयुक्त शैक्षणिक कार्यक्रम शुरू करने की संभावनाओं पर चर्चा हुई।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा में उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा और रिसर्च के क्षेत्र में तेजी से विस्तार हो रहा है। ऑस्ट्रेलिया के विश्वविद्यालयों और रिसर्च संस्थानों की विशेषज्ञता का लाभ लेकर हरियाणा में इनोवेशन, रिसर्च और इंडस्ट्री-एकेडमिया पार्टनरशिप को और मजबूत किया जा सकता है। उन्होंने हरियाणा में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, रिसर्च एवं इनोवेशन हब तथा नई तकनीकों से जुड़े प्रशिक्षण केंद्र विकसित करने में ऑस्ट्रेलिया के सहयोग की संभावनाओं पर भी चर्चा की। दोनों पक्षों ने उद्योग की जरूरतों के अनुरूप स्किल ट्रेनिंग, आधुनिक पाठ्यक्रम, अंग्रेजी भाषा प्रशिक्षण, प्रमाणन और रोजगार के लिए आवश्यक प्रशिक्षण उपलब्ध करवाने पर जोर दिया।
ऑस्ट्रेलियाई प्रतिनिधिमंडल द्वारा हरियाणा के युवाओं के लिए ऑस्ट्रेलिया में हेल्थकेयर, कंस्ट्रक्शन, एडवांस्ड मैन्युफैक्चरिंग, हॉस्पिटैलिटी, लॉजिस्टिक्स और आईटी जैसे क्षेत्रों में रोजगार के अवसरों के अनुरूप प्रशिक्षण एवं स्किल डेवलपमेंट में सहयोग की संभावनाओं पर भी चर्चा की गई। ग्रीन हाइड्रोजन, सोलर एनर्जी, बैटरी स्टोरेज, रिन्यूएबल एनर्जी, वेस्ट-टू-एनर्जी और सर्कुलर इकोनॉमी जैसे क्षेत्रों में भी सहयोग बढ़ाने पर चर्चा हुई।

