काबुल के अस्पताल पर पाकिस्तान के ‘बर्बर’ हवाई हमले की भारत ने की घोर निंदा
Mar 17, 2026, 19:53 IST

नई दिल्ली, 17 मार्च भारत ने 16 मार्च की रात काबुल के ओमिद नशा मुक्ति अस्पताल पर पाकिस्तान के ‘बर्बर’ हवाई हमले की घोर निंदा की है। भारत का कहना है कि यह हिंसा का एक ‘कायरतापूर्ण और अमानवीय’ कृत्य है, जिसमें बड़ी संख्या में नागरिकों की जान चली गई। इस अस्पताल को किसी भी तरह से सैन्य लक्ष्य नहीं माना जा सकता। पाकिस्तान अब इस नरसंहार को सैन्य अभियान का नाम देने की कोशिश कर रहा है।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कल के घटनाक्रम पर आज एक वक्तव्य जारी कर कहा कि पाकिस्तान का यह घृणित आक्रमण अफगानिस्तान की संप्रभुता पर एक स्पष्ट हमला है और क्षेत्रीय शांति और स्थिरता के लिए सीधा खतरा है। यह पाकिस्तान के लगातार लापरवाह व्यवहार और अपनी आंतरिक विफलताओं को सीमा पार हिंसा के बढ़ते हिंसक कृत्यों के माध्यम से छिपाने के बार-बार किए जाने वाले प्रयासों को दर्शाता है।
उन्होंने कहा कि हमला रमजान के पवित्र महीने के दौरान किया गया जो इसे और भी निंदनीय बनाता है। दुनिया भर के मुस्लिम समुदायों के लिए यह शांति, चिंतन और दया का समय होता है। उन्होंने कहा, “जो कोई धर्म, कोई कानून और कोई नैतिकता किसी अस्पताल और उसके मरीजों को जानबूझकर निशाना बनाने को उचित नहीं ठहरा सकती।”
प्रवक्ता ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की है कि इस आपराधिक कृत्य के दोषियों को जवाबदेह ठहराया जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि अफगानिस्तान में नागरिकों को निशाना बनाने के पाकिस्तानी अंधाधुंध हमले तत्काल बंद हो।
भारत ने शोक संतप्त परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की है। साथ ही कहा है कि इस दुखद घड़ी में अफगानिस्तान के लोगों के साथ हम एकजुटता से खड़े हैं। हम अफगानिस्तान की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता के प्रति अपने अटूट समर्थन को भी दोहराते हैं।
पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच पिछले कुछ समय से सैन्य संघर्ष जारी है। पाकिस्तान अफगानिस्तान की सीमा के भीतर आतंकी ठिकाने होने की बात करते हुए सैन्य हमला कर रहा है। कल ऐसा ही एक हमला ओमिद नशा मुक्ति अस्पताल में हुआ। हमले में कम से कम 400 लोगों के मारे जाने का समाचार है।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कल के घटनाक्रम पर आज एक वक्तव्य जारी कर कहा कि पाकिस्तान का यह घृणित आक्रमण अफगानिस्तान की संप्रभुता पर एक स्पष्ट हमला है और क्षेत्रीय शांति और स्थिरता के लिए सीधा खतरा है। यह पाकिस्तान के लगातार लापरवाह व्यवहार और अपनी आंतरिक विफलताओं को सीमा पार हिंसा के बढ़ते हिंसक कृत्यों के माध्यम से छिपाने के बार-बार किए जाने वाले प्रयासों को दर्शाता है।
उन्होंने कहा कि हमला रमजान के पवित्र महीने के दौरान किया गया जो इसे और भी निंदनीय बनाता है। दुनिया भर के मुस्लिम समुदायों के लिए यह शांति, चिंतन और दया का समय होता है। उन्होंने कहा, “जो कोई धर्म, कोई कानून और कोई नैतिकता किसी अस्पताल और उसके मरीजों को जानबूझकर निशाना बनाने को उचित नहीं ठहरा सकती।”
प्रवक्ता ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की है कि इस आपराधिक कृत्य के दोषियों को जवाबदेह ठहराया जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि अफगानिस्तान में नागरिकों को निशाना बनाने के पाकिस्तानी अंधाधुंध हमले तत्काल बंद हो।
भारत ने शोक संतप्त परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की है। साथ ही कहा है कि इस दुखद घड़ी में अफगानिस्तान के लोगों के साथ हम एकजुटता से खड़े हैं। हम अफगानिस्तान की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता के प्रति अपने अटूट समर्थन को भी दोहराते हैं।
पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच पिछले कुछ समय से सैन्य संघर्ष जारी है। पाकिस्तान अफगानिस्तान की सीमा के भीतर आतंकी ठिकाने होने की बात करते हुए सैन्य हमला कर रहा है। कल ऐसा ही एक हमला ओमिद नशा मुक्ति अस्पताल में हुआ। हमले में कम से कम 400 लोगों के मारे जाने का समाचार है।

