टॉप 300 यूनिवर्सिटियों में हुई शामिल हुई चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी: प्रो. बावा
सिरसा की दो छात्राओं को मिला लाखों का पैकेज
May 22, 2026, 19:49 IST

सिरसा 22 मई बेहतरीन ग्लोबल रैंकिंग, वर्ल्ड क्लास इंफ्रास्ट्रक्चर, आधुनिक शिक्षण प्रणाली और रिकॉर्ड-तोड़ प्लेसमेंट ही किसी विश्वस्तरीय संस्थान की असली पहचान होते हैं। ऐसे में चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी ने क्यूएस वर्ल्ड सब्जैक्ट रैंकिंग्स-2026 में ग्लोबल स्तर पर अपना लोहा मनवाया है, जिसमें चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी ने कंप्यूटर साइंस और इन्फॉर्मेशन सिस्टम, इलेक्ट्रिकल-इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग और मैकेनिकल, ऐरोनॉटिकल और मैन्युफैक्चरिंग इंजीनियरिंग जैसे तीन मुख्य विषयों में बढ़त के साथ दुनिया की टॉप 300 यूनिवर्सिटीयों में अपनी जगह बनाई है। यह ऐतिहासिक उपलब्धि न केवल संस्थान की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ती साख को दशार्ती है, बल्कि उच्च शिक्षा के क्षेत्र में गुणवत्ता और इनोवेशन के प्रति इसकी प्रतिबद्धता का प्रमाण है। यह विचार चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के चांसलर के सलाहकार प्रो. (डॉ.) आर.एस. बावा ने मीडिया से बातचीत करते हुए व्यक्त किए।
प्रो. (डॉ.) बावा ने कहा कि चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी ने सब्जेक्ट रैंकिंग में अपनी स्थिति को दुगनी से अधिक मजबूती दी है। वर्ष 2025 सब्जेक्ट रैंकिंग में शामिल केवल 5 विषयों से क्यूएस वर्ल्ड यूनिवर्सिटी सब्जेक्ट रैंकिंग 2026 में यह संख्या बढ़कर 11 हो गई है। इस उल्लेखनीय उपलब्धि के साथ चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी दुनिया की शीर्ष 1 प्रतिशत यूनिवर्सिटियों में शामिल हो गई है। जिससे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इसकी पहचान और प्रतिष्ठा और भी सुदृढ़ हुई है।
प्रो. (डॉ.) आर.एस. बावा ने बताया कि क्यूएस वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग्स बाय सब्जेक्ट्स 2026 में यूनिवर्सिटी ने कुल 11 प्रमुख विषयों कंप्यूटर साइंस एंड इंफॉर्मेशन सिस्टम्स, इलेक्ट्रिकल एंड इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग, मैकेनिकल, एरोनॉटिकल एंड मैन्युफैक्चरिंग इंजीनियरिंग, केमिस्ट्री, बिजनेस मैनेजमेंट, केमिकल इंजीनियरिंग, बायोलॉजिकल साइंसेज, एनवायरनमेंटल साइंसेज, मैथेमेटिक्स, फिजिक्स और इकोनॉमिक्स में शानदार प्रदर्शन किया है। उन्होंने बताया कि क्यूएस वर्ल्ड यूनिवर्सिटी सब्जेक्ट रैंकिंग 2026 में यूनिवर्सिटी का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन उसके द्वारा हासिल किए गए टॉप स्कोर्स पर आधारित है।
आर्थिक रूप से कमजोर युवाओं के लिए स्कॉलरशिप टेस्ट:
प्रोफेसर (डॉ.) बावा ने कहा कि होनहार, लेकिन आर्थिक रूप से कमजोर स्टूडेंट्स के लिए एडमिशन-कम-स्कॉलरशिप प्रोग्राम-चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी कॉमन एंट्रेंस टेस्ट (सीयूसीईटी-2026) के जरिए चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी हर साल 250 करोड़ रुपये की स्कॉलरशिप देकर हजारों स्टूडेंट्स को 100 प्रतिशत तक स्कॉलरशिप प्रदान कर रही हैं, इसमें 200 करोड़ रुपये चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी मोहाली और 50 करोड़ चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी लखनऊ कैंपस के लिए आवंटित है। इच्छुक स्टूडेंट्स चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी की साइट पर जाकर आसानी से सीयूसीईटी-2026 के लिए अप्लाई कर सकते हैं।
लाखों विद्यार्थियों ने उठाया लाभ:
प्रोफेसर (डॉ.) बावा ने बताया कि 2012 में चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी, मोहाली कैंपस की स्थापना के बाद से, भारत के 28 राज्यों और 8 केंद्र शासित प्रदेशों के 1.40 लाख से ज्यादा स्टूडेंट्स और कई विदेशी स्टूडेंट्स ने भी यूनिवर्सिटी द्वारा दी जाने वाली स्कॉलरशिप का लाभ उठाया है। मौजूदा एकेडमिक साल 2025-26 में, हरियाणा के 9678 स्टूडेंट्स ने चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी की स्कॉलरशिप योजनाओं के तहत स्कॉलरशिप का लाभ उठाया है। इनमें से, हरियाणा के 4810 स्टूडेंट्स सीयूसीईटी के जरिए और 4868 स्टूडेंट्स अन्य स्कॉलरशिप का लाभ उठा रहे हैं। डिफेंस स्कॉलरशिप की जानकारी देते हुए प्रोफेसर (डॉ.) बावा ने कहा कि पिछले 13 सालों में चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी ने 5,723 स्टूडेंट्स को 6 करोड़ रुपये से अधिक की डिफेंस स्कॉलरशिप प्रदान की है, जिसमें हरियाणा के मौजूदा 67 स्टूडेंट्स शामिल हैं। डिफेंस कर्मियों के परिजन आर्म्ड फोर्सेज एजुकेशनल वेलफेयर स्कीम और शहीद कैप्टन विक्रम बत्रा स्कॉलरशिप का लाभ उठा सकते हैं। चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी का एनसीसी विंग देशसेवा के इच्छुक स्टूडेंट्स के सपनों को साकार कर रहा है। एनसीसी विंग में प्रशिक्षित 50 कैडेट्स इंडियन आर्म्ड फोर्सेज की तीनों विंग्स में अधिकारी के रूप में कार्यरत हैं। स्टूडेंट्स के बारे में जानकारी देते हुए प्रोफेसर (डॉ.) बावा ने बताया कि सिरसा निवासी आर्यन मेहता, जिसने चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी से कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग में बीई/बीटेक कर रहा है जोरोसॉफ़्ट प्राइवेट लिमिटेड से 6 लाख रुपए सालाना का आॅफर मिला है। इसी तरह चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी से बीई आईटी कर रही सिरसा निवासी खुशबू को ईपीएएम कंपनी से 8 लाख रुपए सालाना का आॅफर मिला है। सिरसा की बीई आईटी की एक और स्टूडेंट गायत्री को ईपीएएम में नौकरी मिली है। सिरसा का रहने वाला सुमित, जो चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी से कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग में बीई/बीटेक कर रहा है उसे सैनडिस्क इंडिया डिवाइस डिजाइन सेंटर प्राइवेट लिम्टिड (ए डब्ल्यूडीसी कंपनी) से 21.1 लाख रुपए सालाना का आॅफर मिला है। सिरसा की रहने वाली चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी की स्टूडेंट दीया जो चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट आॅफ इंजीनियरिंग (यूआईई) से कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग में बीई/बीटेक की पढ़ाई कर रही है, उसे जेडएस एसोसिएशन इंडिया प्राइवेट लिमटेड से 13.65 लाख रुपए सालाना और केपजिम्नी इंडिया प्राइवेट लिमटेड से 4.25 लाख रुपए सालाना का आॅफर मिला है। इसके साथ ही, सिरसा की रहने वाली चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी की स्टूडेंट सिया बहल जो चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट आॅफ इंजीनियरिंग (यूआईई) से कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग में बीई/बीटेक की पढ़ाई कर रही है उसे मॉर्गन स्टैनली इंडिया प्राइवेट लिमटेड से 10.4 लाख रुपए सालाना का आॅफर मिला है। इसी तरह सिरसा की रहने वाली चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी की स्टूडेंट आंचल जो सीयू से एमबीए की शिक्षा हासिल कर रही है उसे फोनपे इंटरनेट प्राइवेट लिम्टिड से 4.5 लाख रुपए सालाना और स्किल्कार्ट कंपनी से 7.4 लाख रुपए सालाना का नौकरी का आॅफर मिला है। सिरसा का रहने वाला ऋषि, जो चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के एपेक्स इंस्टीट्यूट आॅफ टेक्नोलॉजी (एआईटी) से कंप्यूटर सांइस एंड इंजीनियरिंग -आईबीएम - इनफार्मेशन सेक्युरिटी से बीई/बीटेक की पढ़ाई कर रहा है उसे टाटा कंसल्टेंसी सर्विस लिमिटेड (टीसीएस) (डिजिटल) से 7 लाख रुपए सालाना और केपजिम्नी इंडिया प्राइवेट लिमिटेड से 5.75 लाख रुपए सालाना का आॅफर मिला है।
ये हैं विश्वविद्यालय की उपलब्धियां:
चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी की रिसर्च और इनोवेशन उपलब्धियों के बारे में बताते हुए प्रो.(डॉ.) बावा ने कहा कि चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के नाम 24,000 से ज्यादा रिसर्च पब्लिकेशन दर्ज हैं। 5519 से ज्यादा पेटेंट फाइल किए गए जबकि, 5800 पेटेंट प्रकाशित हुए हैं। यूनिवर्सिटी स्टूडेंट्स और फैकल्टी के विभिन्न क्षेत्रों में 260 पेटेंट ग्रांट हुए हैं। सेशन 2024-25 में ही, यूनिवर्सिटी के स्टूडेंट्स ने 743 पेटेंट फाइल किए हैं जबकि 770 पब्लिश और 49 पेटेंट ग्रांट हुए हैं। यूनिवर्सिटी के 44 फैकल्टी मेंबर्स वर्ष 2025 की प्रतिष्ठित स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी एल्सेवियर सूची में दुनिया के टॉप 2 प्रतिशत वैज्ञानिकों में शामिल हैं। क्यूएस एशिया यूनिवर्सिटी रैंकिंग 2026 के अनुसार, सीयू ने इंटरनेशनल रिसर्च में देशभर की सभी प्राइवेट यूनिवर्सिटीयों में 9वां और सभी यूनिवर्सिटियों में 12वां रैंक हासिल किया है।
नैक ए प्लस प्राप्त करने वाली भारत की शीर्ष 5 प्रतिशत यूनिवर्सिटियों में शामिल:
प्रो. (डॉ.) बावा ने आगे कहा कि चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी नैक ए प्लस प्राप्त करने वाली भारत की शीर्ष 5 प्रतिशत यूनिवर्सिटियों में शामिल है। सीयू को अमेरिका स्थित एक्रेडिटेशन बोर्ड फॉर इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (एबेट) से भी मान्यता प्राप्त है, जिससे यह मान्यता प्राप्त इंजीनियरिंग कार्यक्रमों वाले शीर्ष 0.1 प्रतिशत भारतीय यूनिवर्सिटियों में शामिल हो गई है। इसे नेशनल बोर्ड आॅफ एक्रेडिटेशन (एनबीए) द्वारा भी मान्यता प्राप्त है
प्रो. (डॉ.) बावा ने कहा कि चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी ने सब्जेक्ट रैंकिंग में अपनी स्थिति को दुगनी से अधिक मजबूती दी है। वर्ष 2025 सब्जेक्ट रैंकिंग में शामिल केवल 5 विषयों से क्यूएस वर्ल्ड यूनिवर्सिटी सब्जेक्ट रैंकिंग 2026 में यह संख्या बढ़कर 11 हो गई है। इस उल्लेखनीय उपलब्धि के साथ चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी दुनिया की शीर्ष 1 प्रतिशत यूनिवर्सिटियों में शामिल हो गई है। जिससे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इसकी पहचान और प्रतिष्ठा और भी सुदृढ़ हुई है।
प्रो. (डॉ.) आर.एस. बावा ने बताया कि क्यूएस वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग्स बाय सब्जेक्ट्स 2026 में यूनिवर्सिटी ने कुल 11 प्रमुख विषयों कंप्यूटर साइंस एंड इंफॉर्मेशन सिस्टम्स, इलेक्ट्रिकल एंड इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग, मैकेनिकल, एरोनॉटिकल एंड मैन्युफैक्चरिंग इंजीनियरिंग, केमिस्ट्री, बिजनेस मैनेजमेंट, केमिकल इंजीनियरिंग, बायोलॉजिकल साइंसेज, एनवायरनमेंटल साइंसेज, मैथेमेटिक्स, फिजिक्स और इकोनॉमिक्स में शानदार प्रदर्शन किया है। उन्होंने बताया कि क्यूएस वर्ल्ड यूनिवर्सिटी सब्जेक्ट रैंकिंग 2026 में यूनिवर्सिटी का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन उसके द्वारा हासिल किए गए टॉप स्कोर्स पर आधारित है।
आर्थिक रूप से कमजोर युवाओं के लिए स्कॉलरशिप टेस्ट:
प्रोफेसर (डॉ.) बावा ने कहा कि होनहार, लेकिन आर्थिक रूप से कमजोर स्टूडेंट्स के लिए एडमिशन-कम-स्कॉलरशिप प्रोग्राम-चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी कॉमन एंट्रेंस टेस्ट (सीयूसीईटी-2026) के जरिए चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी हर साल 250 करोड़ रुपये की स्कॉलरशिप देकर हजारों स्टूडेंट्स को 100 प्रतिशत तक स्कॉलरशिप प्रदान कर रही हैं, इसमें 200 करोड़ रुपये चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी मोहाली और 50 करोड़ चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी लखनऊ कैंपस के लिए आवंटित है। इच्छुक स्टूडेंट्स चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी की साइट पर जाकर आसानी से सीयूसीईटी-2026 के लिए अप्लाई कर सकते हैं।
लाखों विद्यार्थियों ने उठाया लाभ:
प्रोफेसर (डॉ.) बावा ने बताया कि 2012 में चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी, मोहाली कैंपस की स्थापना के बाद से, भारत के 28 राज्यों और 8 केंद्र शासित प्रदेशों के 1.40 लाख से ज्यादा स्टूडेंट्स और कई विदेशी स्टूडेंट्स ने भी यूनिवर्सिटी द्वारा दी जाने वाली स्कॉलरशिप का लाभ उठाया है। मौजूदा एकेडमिक साल 2025-26 में, हरियाणा के 9678 स्टूडेंट्स ने चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी की स्कॉलरशिप योजनाओं के तहत स्कॉलरशिप का लाभ उठाया है। इनमें से, हरियाणा के 4810 स्टूडेंट्स सीयूसीईटी के जरिए और 4868 स्टूडेंट्स अन्य स्कॉलरशिप का लाभ उठा रहे हैं। डिफेंस स्कॉलरशिप की जानकारी देते हुए प्रोफेसर (डॉ.) बावा ने कहा कि पिछले 13 सालों में चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी ने 5,723 स्टूडेंट्स को 6 करोड़ रुपये से अधिक की डिफेंस स्कॉलरशिप प्रदान की है, जिसमें हरियाणा के मौजूदा 67 स्टूडेंट्स शामिल हैं। डिफेंस कर्मियों के परिजन आर्म्ड फोर्सेज एजुकेशनल वेलफेयर स्कीम और शहीद कैप्टन विक्रम बत्रा स्कॉलरशिप का लाभ उठा सकते हैं। चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी का एनसीसी विंग देशसेवा के इच्छुक स्टूडेंट्स के सपनों को साकार कर रहा है। एनसीसी विंग में प्रशिक्षित 50 कैडेट्स इंडियन आर्म्ड फोर्सेज की तीनों विंग्स में अधिकारी के रूप में कार्यरत हैं। स्टूडेंट्स के बारे में जानकारी देते हुए प्रोफेसर (डॉ.) बावा ने बताया कि सिरसा निवासी आर्यन मेहता, जिसने चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी से कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग में बीई/बीटेक कर रहा है जोरोसॉफ़्ट प्राइवेट लिमिटेड से 6 लाख रुपए सालाना का आॅफर मिला है। इसी तरह चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी से बीई आईटी कर रही सिरसा निवासी खुशबू को ईपीएएम कंपनी से 8 लाख रुपए सालाना का आॅफर मिला है। सिरसा की बीई आईटी की एक और स्टूडेंट गायत्री को ईपीएएम में नौकरी मिली है। सिरसा का रहने वाला सुमित, जो चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी से कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग में बीई/बीटेक कर रहा है उसे सैनडिस्क इंडिया डिवाइस डिजाइन सेंटर प्राइवेट लिम्टिड (ए डब्ल्यूडीसी कंपनी) से 21.1 लाख रुपए सालाना का आॅफर मिला है। सिरसा की रहने वाली चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी की स्टूडेंट दीया जो चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट आॅफ इंजीनियरिंग (यूआईई) से कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग में बीई/बीटेक की पढ़ाई कर रही है, उसे जेडएस एसोसिएशन इंडिया प्राइवेट लिमटेड से 13.65 लाख रुपए सालाना और केपजिम्नी इंडिया प्राइवेट लिमटेड से 4.25 लाख रुपए सालाना का आॅफर मिला है। इसके साथ ही, सिरसा की रहने वाली चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी की स्टूडेंट सिया बहल जो चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट आॅफ इंजीनियरिंग (यूआईई) से कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग में बीई/बीटेक की पढ़ाई कर रही है उसे मॉर्गन स्टैनली इंडिया प्राइवेट लिमटेड से 10.4 लाख रुपए सालाना का आॅफर मिला है। इसी तरह सिरसा की रहने वाली चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी की स्टूडेंट आंचल जो सीयू से एमबीए की शिक्षा हासिल कर रही है उसे फोनपे इंटरनेट प्राइवेट लिम्टिड से 4.5 लाख रुपए सालाना और स्किल्कार्ट कंपनी से 7.4 लाख रुपए सालाना का नौकरी का आॅफर मिला है। सिरसा का रहने वाला ऋषि, जो चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के एपेक्स इंस्टीट्यूट आॅफ टेक्नोलॉजी (एआईटी) से कंप्यूटर सांइस एंड इंजीनियरिंग -आईबीएम - इनफार्मेशन सेक्युरिटी से बीई/बीटेक की पढ़ाई कर रहा है उसे टाटा कंसल्टेंसी सर्विस लिमिटेड (टीसीएस) (डिजिटल) से 7 लाख रुपए सालाना और केपजिम्नी इंडिया प्राइवेट लिमिटेड से 5.75 लाख रुपए सालाना का आॅफर मिला है।
ये हैं विश्वविद्यालय की उपलब्धियां:
चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी की रिसर्च और इनोवेशन उपलब्धियों के बारे में बताते हुए प्रो.(डॉ.) बावा ने कहा कि चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी के नाम 24,000 से ज्यादा रिसर्च पब्लिकेशन दर्ज हैं। 5519 से ज्यादा पेटेंट फाइल किए गए जबकि, 5800 पेटेंट प्रकाशित हुए हैं। यूनिवर्सिटी स्टूडेंट्स और फैकल्टी के विभिन्न क्षेत्रों में 260 पेटेंट ग्रांट हुए हैं। सेशन 2024-25 में ही, यूनिवर्सिटी के स्टूडेंट्स ने 743 पेटेंट फाइल किए हैं जबकि 770 पब्लिश और 49 पेटेंट ग्रांट हुए हैं। यूनिवर्सिटी के 44 फैकल्टी मेंबर्स वर्ष 2025 की प्रतिष्ठित स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी एल्सेवियर सूची में दुनिया के टॉप 2 प्रतिशत वैज्ञानिकों में शामिल हैं। क्यूएस एशिया यूनिवर्सिटी रैंकिंग 2026 के अनुसार, सीयू ने इंटरनेशनल रिसर्च में देशभर की सभी प्राइवेट यूनिवर्सिटीयों में 9वां और सभी यूनिवर्सिटियों में 12वां रैंक हासिल किया है।
नैक ए प्लस प्राप्त करने वाली भारत की शीर्ष 5 प्रतिशत यूनिवर्सिटियों में शामिल:
प्रो. (डॉ.) बावा ने आगे कहा कि चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी नैक ए प्लस प्राप्त करने वाली भारत की शीर्ष 5 प्रतिशत यूनिवर्सिटियों में शामिल है। सीयू को अमेरिका स्थित एक्रेडिटेशन बोर्ड फॉर इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (एबेट) से भी मान्यता प्राप्त है, जिससे यह मान्यता प्राप्त इंजीनियरिंग कार्यक्रमों वाले शीर्ष 0.1 प्रतिशत भारतीय यूनिवर्सिटियों में शामिल हो गई है। इसे नेशनल बोर्ड आॅफ एक्रेडिटेशन (एनबीए) द्वारा भी मान्यता प्राप्त है

