Pal Pal India

जिला पार्षदों ने चेयरमैन व सीईओ के खिलाफ खोला मोर्चा

 फंड आबंटन में लगाए भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप
 
  जिला पार्षदों ने चेयरमैन व सीईओ के खिलाफ खोला मोर्चा
सिरसा 23 अगस्त  जिला परिषद के चेयरमैन कर्ण चौटाला व सीईओ द्वारा जनप्रतिनिधियों से किए जा रहे गैर जिम्मेदाराना व्यवहार के विरोध में जिला पार्षदों द्वारा सांझा मोर्चा का गठन कर कार्यालय जिला परिषद में सांकेतिक धरना दिया गया। धरने पर जिला पार्षद प्रतिनिधि हैप्पी रानियां, जिला पार्षद जगदेव सिंह निक्का, नंदलाल बैनीवाल, बलकरण सिंह भंगू, बलविंद्र बराड़, गुरचरण सिंह फौजी, संदीप कौर, संतोष गोदारा, कमलजीत कौर, सतगुरु सिंह मौजूद रहे। इस मौके पर जिला पार्षद प्रतिनिधि हैप्पी रानियां ने कहा कि जिला परिषद का चुनाव हुए तीन साल का समय हो चुका है, लेकिन इन तीन सालों में चेयरमैन व सीईओ द्वारा आपस में सांठगांठ करके हाऊस की मीटिंग अब तक सिर्फ पांच बार ही बुलाई गई है। विपक्ष के पार्षदों द्वारा अपने क्षेत्र के विकास के लिए जो प्रस्ताव दिए गए हंै, उन प्रस्तावों पर चेयरमैन व सीईओ द्वारा एक रूपया भी मंजूर नहीं किया गया है। इस मामले को लेकर जब जिला पार्षद सीईओ से बातच करते हंै तो उनका स्पष्ट जवाब होता है कि चेयरमैन की कोठी पर जाकर उनसे मिलो। जिला पार्षद जसदेव सिंह निक्का ने कहा कि जिला परिषद सीईओ अपने व्यवहार से सरकारी अधिकारी कम और किसी राजनीतिक दल के कार्यकर्ता की तरह अधिक काम कर रहे हंै। वो पद की प्रतिष्ठा के अनुरूप काम नहीं कर रहे हंै। सीईओ का व्यवहार विपक्ष के पार्षदों के प्रति गैर जिम्मेदाराना है। पिछले तीन सालों में जितना भी फंड जिला परिषद को आबंटित हुआ है, उसकी बड़े स्तर पर जांच की जाए। जिला पार्षद नंदलाल बैनीवाल ने कहा कि विकास कार्यों के लिए जिला परिषद को सरकार की ओर से करोड़ों रुपए का फंड मिला है, लेकिन जिला परिषद चेयरमैन कर्ण चौटाला और सीईओ द्वारा फंड विकास कार्यों के लिए खर्च नहीं किया जा रहा, इसलिए पिछले तीन सालों में विकास के लिए आया करोड़ों रुपया वापस चला गया। उन्होंने कहा कि ग्रांटों में 40 से 50 प्रतिशत राशि चेयरमैन व सीईओ द्वारा कमीशन के रूप में डकारी जा रही है। अब तक जितना भी फंड जिला परिषद को मिला है, उसमें बड़े स्तर पर भ्रष्टाचार का खेला चेयरमैन व सीईओ की मिलीभगत से हुआ है। सरकार से मांग है कि जिला परिषद के कार्यों व आबंटित फंडों की कमेटी गठित कर जांच की जाए। जिला पार्षद बलकरण सिंह भंगू ने कहा कि सरकार द्वारा आबंटित फंड जिला परिषद  के 24 निर्वाचन क्षेत्रों में समान रूप से फंड का वितरण होना चाहिए, लेकिन जिला परिषद चेयरमैन व सीईओ द्वारा ठेकेदारों से सांठगांठ कर 40 से 50 प्रतिशत का कमीशन लेकर मनमर्जी से फंड आबंटित किया जा रहा है। जिला पार्षदों ने कहा कि सरकार द्वारा इस मामले पर तुरंत संज्ञान नहीं लिया गया तो जिला चेयरमैन व सीईओ के खिलाफ संघर्ष को और तेज कर बड़े स्तर का प्रदर्शन किया जाएगा