बिहार चुनाव के नतीजे चिंताजनक और लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर गंभीर प्रश्न खड़े करते हैं: सैलजा

चंडीगढ़, 16 नवंबर।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव, पूर्व केंद्रीय मंत्री और सिरसा की सांसद कुमारी सैलजा ने कहा कि बिहार चुनाव में जिस प्रकार के रुझान दिखाई दे रहे थे, उस प्रकार के नतीजे सामने नहीं आए। इसका विश्लेषण करने के बाद ही पूरा सच्चाई सामने आएगी। चुनाव के दौरान महिलाओं के खाते में 10-10 हजार रुपये डालकर चुनाव को प्रभावित किया गया पर उससे भी ज्यादा हैरानी की बात ये हैै कि चुनाव आयोग ने इस पर कोई संज्ञान तक नहीं लिया। इस चुनाव में जो कुछ भी हुआ उसके बारे में सबको और देश को सोचना होगा क्योंकि इस चुनाव ने लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर अनेक सवाल खड़े किए है।
चरखी दादरी जिला कांग्रेस कार्यालय में पत्रकारों से बातचीत करते हुए सांसद कुमारी सैलजा ने कहा कि बिहार चुनाव में मतदाताओं का रुझान बदलाव की ओर ही दिखाई दे रहा था, पर एनडीए ने महिला मतदाताओं को लुभाने के लिए चुनाव के बीच में ही उनके खाते में 10-10 हजार रुपये डाले गए लेकिन उस पर चुनाव आयोग ने कोई प्रभावी संज्ञान नहीं लिया जो अत्यंत चिंताजनक है और लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर गंभीर प्रश्न खड़े करता है। 100 में से 90 सीटें जीत लेना जैसे नतीजे क्या स्वाभाविक लगते है क्या? कुछ तो असामान्य प्रतीत होता है और जब इस पर सवाल उठाए जाते है तो कहा जाता है कि आप तो हर बात में वहीं मुद्दे उठाते है। ऐसे नतीजों की तो उम्मीद नहीं थी, रूझाव कुछ और दिख रहा था और नतीजा कुछ और ही दिख रहा है, सबको और देश को इस बारे में सोचना होगा।
सांसद कुमारी सैलजा ने कहा कि चुनाव में हार जीत तो लगी रहती है पर जिस तरीके से चुनाव लड़े जा रहे हैं और मतदाताओं को विभिन्न तरीके से प्रभावित किया जा रहा है इस पर देश को गंभीरता से विचार करना होगा। सांसद ने कहा कि हरियाणा में नायब सैनी के नेतृत्व में सरकार को एक वर्ष पूरा हो चुका है लेकिन धरातल पर काम दिखाई नहीं दे रहे हैं। किसान हर वर्ष खाद के लिए भटकता रहता है। एमएसपी को कानूनी दर्जा नहीं दिया गया। युवाओं को नौकरी नहीं मिल रही है और मजदूरों को मनरेगा में काम नहीं मिल रहा है। कानून-व्यवस्था का बुरा हाल है। सरकार की कोई भी योजना सही नहीं है। जमीनों की रजिस्ट्री पेपरलेस बनाने के नाम पर हरियाणा के लोगों को लाइनों में खड़ा कर दिया।
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सभी पेपर रद्द कर लुवास ने किया विद्यार्थियों के साथ अन्याय
सांसद कुमारी सैलजा ने हिसार स्थित लाला लाजपत राय पशु चिकित्सा एवं पशु विज्ञान विश्वविद्यालय (लुवास) के वीएलडीडी कोर्स की परीक्षाओं में एक पेपर के संभावित लीक की सूचना के आधार पर सभी 07 थ्योरी पेपर रद्द किए जाना विद्यार्थियों के भविष्य के साथ गंभीर अन्याय है। विद्यार्थियों की यह मांग पूर्णत: उचित है कि यदि केवल एक ही पेपर संदिग्ध है, तो केवल उसी की पुनर्परीक्षा आयोजित की जाए। सभी पेपर रद्द करना पारदर्शिता और प्रशासनिक उत्तरदायित्व के मानकों पर प्रश्न खड़े करता है।
विश्वविद्यालय प्रशासन से अपेक्षा है कि वह निष्पक्ष जाँच कर तथ्य सार्वजनिक करे तथा दोषियों पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करें, ताकि मेहनती विद्यार्थियों के परिश्रम को अनावश्यक हानि न पहुंचे।

